वो दो सुंदर बच्चों की माँ, मेरा जीवन है सँभाले,उसकी आँखों में जो जादू, मन को मेरे हरदम भाए।सुंदर बदन उसका जब भी, मेरी ओर बढ़ता है आए,प्रेम की धारा में डूबकर, मैं खुद को यहाँ पर पाए।उसकी मुस्कान, वो निशानी, प्रेम से भरी उसकी चाहत,उसके बिना अधूरी दिखे, मेरी हर इक प्यारी कहानी।हर लम्हा वो मेरे साथ, जैसे मधुर संगीत सा गाए,मेरी प्यारी जान, उसका अस्तित्व मेरे दिल में छाए। |
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वो दो सुंदर बच्चों की माँ,
मेरा जीवन है सँभाले,
उसकी आँखों में जो जादू,
मन को मेरे हरदम भाए।
सुंदर बदन उसका जब भी,
मेरी ओर बढ़ता है आए,
प्रेम की धारा में डूबकर,
मैं खुद को यहाँ पर पाए।
उसकी मुस्कान, वो निशानी,
प्रेम से भरी उसकी चाहत,
उसके बिना अधूरी दिखे,
मेरी हर इक प्यारी कहानी।
हर लम्हा वो मेरे साथ,
जैसे मधुर संगीत सा गाए,
मेरी प्यारी जान, उसका अस्तित्व
मेरे दिल में सदैव छाए।